TopLabels

Search Jain Lyrics

Friday, January 25, 2019

Naam Hain Tera Taranhara


NAAM HAI TERA TARAN HARA (In Hindi)




नाम  है  तेरा  तारण  हारा  कब  तेरा  दर्शन  होगा 

जिनकी  प्रतिमा  इतनी  सुन्दर  वो  कितना  सुन्दर  होगा ]...(२)

वो  कितना  सुन्दर  होगा ...




तुमने  तारे  लाखो  प्राणी ,   यह  संतोह  की  वाणी  है 

तेरी  छवि  पर  वोह  मेरे  भगवंत ,   [यह  दुनिया  दीवानी  है ]..(२)

[भाव  से  तेरी  वो  हु  जग  चाहू ]..(२)

जीवन  में  मंगल  होगा 

जिनकी  प्रतिमा  इतनी  सुन्दर  वो  कितना  सुन्दर  होगा 

वो  कितना  सुंदर  होगा ...



सुरवर  मुनिवर  जिनके  चरण  में ,   निशदिन  शीश  जुकते  है 

जो  गाते  है  प्रभु  की  महिमा ,   [वो  सब  कुछ  पा  जाते  है ]...(२)

[अपने  कष्ट  मिटाने  को  तेरे ]...(२)

चरणों  का  वंदन  होगा 

जिनकी  प्रतिमा  इतनी  सुंदर ,   [वो  कितना  सुंदर  होगा ]...(२)



मन   की  मुराते   लेकर  स्वामी,   तेरे  चरण  में  आये  है ,

हम  है  बालक, तेरे  जिनवर  ,   [तेरे  ही  गुण  गाते  है ]...(२)

[भाव  से  पर  उतरने  को  तेरे ]...(२)

गीतों  का  संगम  होगा 

जिनकी  प्रतिमा  इतनी  सुंदर ,   [वो  कितना  सुंदर  होगा ]..(२)



नाम  है  तेरा  तारण  हारा,   कब  तेरा  दर्शन  होगा 

जिनकी  प्रतिमा  इतनी  सुंदर,   [वो  कितना  सुंदर  होगा ]..(४)

Prabhu Tamara Pagle Pagle


Prabhu Tamara Pagle Pagle Pa Pa Pagali Maandi Chhe 
- Jain Lyrics in Hindi and English - Jain Stavan

प्रभु तमारा पगले पगले 

प्रभु तमारा पगले पगले 
पा पा पगली मांडी छे,
हवे तो अक्षर पाडो हरिवर, 
मारी कोरी पाटी छे,
बाळक छुं मने खबर क्यां? 
शुं छे साचुं जीवन?
पडी जाउं नां क्यांय  प्रभु (2), 
 करो रोम रोम संजीवन,
सिंचन करजो मारा कण कण मां, 
मारी सुक्की माटी छे
प्रभु तमारा पगले पगले 
पा पा पगली मांडी छे,
बाळक  पकडे मां नी आंगळी, 
एम हुं जालुं छुं तमने,
वर्षा राणी भरे सरोवर (2), 
एम भरी दो अमने,
अमे अमारी हथेळीओ मां, 
मिलन नी रेखा आंकी छे
प्रभु तमारा पगले पगले 
पा पा पगली मांडी छे|

Shree Uvasaggaharam Stotra


Shri Uvasaggaharam Stotra

Uvasaggaharam Päsam, Päsam Vandämi Kamma-ghan-mukkam;Visahar-vis-ninnäsam, Mangal Kallän Äväsam (1)

Visahar-fuling Manatam, Kanthe Dharei Jo Sayä Manuo;
Tassa Gah Rog Märi, Duttha-Jarä Janti Uvasämam. (2)

Chitthau Dure Manto, Tujza Panamo Vi Bahu-falo Hoi;
Naratiriesu Vi Jivä, Pävanti Na Dukkha-Dogachcham (3)

Tuha Sammatte Laddhe, Chintämani Kappa-Päyavabbhahie;
Pävanti Avigghenam, Jivä Ayaramaram Thänam. (4)

Ea Santhuo Mahäyas, Bhatti-bhar-nibbharen Hiyaenam;
Tä Dev Dijza Bohim, Bhave Bhave Päs Jinachanda (5)


उवसग्गहर स्तोत्र

उवसग्गहरं पासं, पासं वंदामि कम्मघण-मुक्कं
विसहर-विस-णिण्णासं मंगल कल्लाण आवासं ।१।

विसहर-फुल्लिंगमंतं कंठे धारेदि जो सया मणुवो
तस्स गह रोग मारी, दुट्ठ जरा जंति उवसामं ।२।

चिट्ठदु दूरे मंतो, तुज्झ पणामो वि बहुफलो होदि
णर तिरियेसु वि जीवा, पावंति ण दुक्ख-दोगच्चं ।३।

तुह सम्मत्ते लद्धे चिंतामणि कप्प-पायव-सरिसे
पावंति अविग्घेणं जीवा अयरामरं ठाणं ।४।

इह संथुदो महायस भत्तिब्भरेण हिदयेण
ता देव! दिज्ज बोहिं, भवे-भवे पास जिणचंदं ।५।

Shri Namaskaar (Navkaar) Mahamantra

Shri Namaskaar (Navkaar) Mahamantra

Om Namo Arihantanam
Om Namo Siddhanam
Om Namo Ayariyanam
Om Namo Uvvajzayanam
Namo Loye Savva Sahunam

Eso Panch Namokkaro
Savvappaav Panasano
Mangalanam ch savve sinh
Padhamam Havai Mangalam


Meaning of Navkar Mantra

I bow to the Arihantas (the perfect human beings)
I bow to the Siddhhas (liberated body less souls)I bow to the Acharyas (masters and the heads of congregations)
I bow to the Upadhyayas (spiritual teachers)
I bow to all the Sadhus (spiritual practitioners) in the world

Worshiping all these five
destroys all sins and obstacles
Among all that is auspicious
this "Navkar Mantra" is the foremost.

नवकार (णमोकार) मंत्र

ॐ नमो अरिहंताणं । 
ॐ नमो सिद्धाणं ।
ॐ नमो यरियाणं । 
ॐ नमो उवज्झायाणं ।
नमो लोए सव्वसाहूणं ।

ऐसो पंच नमोक्कारो 
सव्व पावप्पणासणो ।
मंगलाणं च सव्वेसिं, 
पढमं हवई मंगलं ।

नवकार (णमोकार) मंत्र का अर्थ

अरिहंतो को नमस्कार
सिद्धो को नमस्कार
आचार्यों को नमस्कार
उपाध्यायों को नमस्कार
सर्व साधुओं को नमस्कार
ये पाँच परमेष्ठी हैं । इन पवित्र आत्माओं को शुद्ध भावपूर्वक किया गया यह पंच नमस्कार सब पापों का नाश करने वाला है ।
संसार में सबसे उतम मंत्र है ।